उत्पति हस्तक उसका व्याख्यान और उसकी महत्वपूर्णताकथक के प्रारंभिक पाठ्यों के लिए ।
उत्पति शब्द का अर्थ है शुरुवात। किसी भी चिज़ की शुरुवात करना, वो जगह जहां से चीज़ें शुरु होती है । गुरु का कहना है कि शुरुवात हमारी घर से होती है । तो जहां भी हमारी हाथ जायें उसे घर वापस आना चाहिए । और ये घर है वह जगह जिसे हम कथक में उत्पत्ति कहते है ।
गुरु वंदना शोलक और उसके मायने
रस क्या है? What is Rasa and How can one attain Rasa?
ॐकारं बिंदुसंयुक्तं - व्याख्यान प्रदर्शन सहित | Lecture Demonstration of Omkaram Bindu Samyuktam…
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